26, February 2026

मुकाबला करने के कौशल का उपयोग करके तनाव और भावनाओं का प्रबंधन तथा मूल्यों का विकास

Author(s): 1 Priyanka, 2 Dr. Ashwarya Srivastava

Authors Affiliations:

 1 Priyanka, B.Ed. (Third Semester) Student, School of Education, Galgotias University, Greater Noida, Uttar Pradesh, India

 2 Associate Professor, School of Education, Galgotias University, Greater Noida, Uttar Pradesh, India

DOIs:10.2018/SS/202602003     |     Paper ID: SS202602003


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सार (Abstract):  वर्तमान वैश्वीकृत, प्रतिस्पर्धात्मक एवं तीव्र परिवर्तनशील युग में मानव जीवन निरंतर सामाजिक, आर्थिक, शैक्षिक तथा तकनीकी परिवर्तनों से प्रभावित हो रहा है। इस बदलते परिवेश में व्यक्ति को विभिन्न प्रकार के तनावों और भावनात्मक दबावों का सामना करना पड़ता है, जो उसके मानसिक स्वास्थ्य, व्यवहार, निर्णय-क्षमता, पारस्परिक संबंधों तथा नैतिक मूल्यों पर गहरा प्रभाव डालते हैं। तनाव और भावनाओं का अनुचित या असंतुलित प्रबंधन चिंता, अवसाद, कुंठा, आक्रामकता तथा मूल्य-ह्रास जैसी समस्याओं को जन्म दे सकता है, जो व्यक्तिगत एवं सामाजिक जीवन के लिए चुनौतीपूर्ण सिद्ध होती हैं।मुकाबला करने के कौशल (Coping Skills) व्यक्ति को तनावपूर्ण परिस्थितियों से प्रभावी ढंग से निपटने, भावनाओं को पहचानने, नियंत्रित करने तथा सकारात्मक दिशा में उपयोग करने में सक्षम बनाते हैं। ये कौशल समस्या-केंद्रित, भावना-केंद्रित तथा सामाजिक मुकाबला रणनीतियों के रूप में विकसित होते हैं। इनका महत्व केवल तनाव प्रबंधन तक सीमित नहीं है, बल्कि ये आत्म-नियंत्रण, सहानुभूति, धैर्य, सहयोग, उत्तरदायित्व और नैतिक चेतना जैसे मानवीय मूल्यों के विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। प्रस्तुत शोध पत्र तनाव एवं भावनाओं की अवधारणा, मुकाबला करने के कौशलों के प्रकार, भावनात्मक बुद्धिमत्ता तथा मूल्य निर्माण की प्रक्रिया के मध्य अंतर्संबंधों का विश्लेषण करता है। यह अध्ययन गुणात्मक एवं वर्णनात्मक शोध पद्धति पर आधारित है तथा इसमें Lazarus एवं Folkman, Daniel Goleman, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO), UNESCO, NCERT तथा राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 जैसे प्रामाणिक एवं समकालीन स्रोतों का संदर्भ लिया गया है। यह शोध विशेष रूप से शैक्षिक परिप्रेक्ष्य में विद्यार्थियों के समग्र विकास, मानसिक सशक्तिकरण एवं संतुलित व्यक्तित्व निर्माण की दृष्टि से अत्यंत प्रासंगिक है।

Key Words:  तनाव (Stress), भावनाएँ (Emotions), मुकाबला कौशल (Coping Skills), मूल्य शिक्षा (Value Education), भावनात्मक बुद्धिमत्ता (Emotional Intelligence), जीवन कौशल (Life Skills)

1 Priyanka, 2 Dr. Ashwarya Srivastava (2026); मुकाबला करने के कौशल का उपयोग करके तनाव और भावनाओं का प्रबंधन तथा मूल्यों का विकास, Shikshan Sanshodhan : Journal of Arts, Humanities and Social Sciences,      ISSN(o): 2581-6241,  Volume – 9,   Issue –  2,  Available on –   https://shikshansanshodhan.researchculturesociety.org/


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